Prabhasakshi NewsRoom। त्रिपुरा हिंसा में आया PK की एजेंसी का नाम, केंद्रीय मंत्री का TMC पर हमला

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प्रतिमा भौमिक ने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव खत्म होने के बाद लाखों लोग अब अपने घर नहीं जा पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि I-PAC वाले लोग जैसे बोल रहे हैं, टीएमसी त्रिपुरा में वातावरण बिगाड़ने के लिए लगातार वैसा ही काम कर रही है।

त्रिपुरा को लेकर जबरदस्त तरीके से राजनीति हो रही है। त्रिपुरा में तृणमूल कांग्रेस और सत्तारूढ़ भाजपा आमने-सामने है। दोनों एक दूसरे पर जमकर आरोप लगा रहे हैं। इन सब के बीच केंद्रीय मंत्री प्रतिमा भौमिक ने तृणमूल कांग्रेस पर बड़ा आरोप लगाया है। तृणमूल कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए प्रतिमा भौमिक ने कहा कि राज्य में तनाव फैलाने के लिए पश्चिम बंगाल से 1000 से अधिक लोग त्रिपुरा पहुंचे हैं। भौमिक ने पूछा कि आज बंगाल में क्या स्थिति है? वहां अराजकता फैलाने वाले लोग अब त्रिपुरा में अपना मुंह छिपाने आ रहे हैं। इसके साथ ही प्रतिमा भौमिक ने प्रशांत किशोर और उनकी एजेंसी I-PAC पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि I-PAC  नाम की एक एजेंसी टीएमसी को राजनीतिक स्टंट करने में सहायता कर रही है जो कि एक साजिश के तौर पर त्रिपुरा में काम करने के लिए आए हैं।

प्रतिमा भौमिक ने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव खत्म होने के बाद लाखों लोग अब अपने घर नहीं जा पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि I-PAC वाले लोग जैसे बोल रहे हैं, टीएमसी त्रिपुरा में वातावरण बिगाड़ने के लिए लगातार वैसा ही काम कर रही है। संसद के शीतकालीन सत्र से कुछ दिन पहले तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) त्रिपुरा में भाजपा के खिलाफ लड़ाई को दिल्ली लेकर पहुंची और इसके सांसदों के एक प्रतिनिधिमंडल ने गृह मंत्रालय के बाहर चार घंटे तक धरना देने के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की। शाह से मिले प्रतिनिधिमंडल में सुखेंदु शेखर राय, शांतनु सेन, कल्याण बनर्जी, डेरेक ओ ब्रायन, माला रॉय और 11 अन्य सांसद शामिल थे। टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी ने कहा, हमने उन्हें (शाह) विस्तार से बताया कि कैसे नेताओं को गिरफ्तार किया जा रहा है और सांसदों को पीटा जा रहा है।

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वहीं, तृणमूल कांग्रेस महासचिव अभिषेक बनर्जी ने दावा किया कि त्रिपुरा में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी विपक्षी नेताओं की आवाज दबाने की कोशिश कर रही है क्योंकि भगवा पार्टी लोकतांत्रिक मूल्यों का जरा भी सम्मान नहीं करती है। मुख्यमंत्री बिप्लब देब की एक बैठक में कथित तौर पर व्यवधान डालने को लेकर टीएमसी की युवा नेता सायानी घोष को गिरफ्तार किये जाने के एक दिन बाद सोमवार सुबह वह यहां पहुंचे। हालांकि राज्य में बनर्जी की प्रस्तावित रैली रद्द कर दी गई क्योंकि पुलिस ने कानून व्यवस्था की समस्या और राजनीतिक तनाव का हवाला देते हुए इसकी अनुमति नहीं दी। टीएमसी के वरिष्ठ नेता ने संवाददाता सम्मेलन में कहा कि उनकी पार्टी अगले विधानसभा चुनावों मेंभाजपा को शिकस्त देगी और भगवा पार्टी के कुशासन को खत्म करेगी।





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