एक्शन में जम्मू-कश्मीर प्रशासन, आतंकी गठजोड़ में शामिल 3 सरकारी कर्मचारियों को किया बर्खास्त

एक्शन में जम्मू-कश्मीर प्रशासन, आतंकी गठजोड़ में शामिल 3 सरकारी कर्मचारियों को किया बर्खास्त
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जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने आतंकवादियों के साथ गठजोड़ मामले में 3 सरकारी कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया है। जिनमें कश्मीर विश्वविद्यालय में रसायन विज्ञान के प्रोफेसर अल्ताफ हुसैन पंडित, शिक्षा विभाग में तैनात शिक्षक मोहम्मद मकबूल हजाम और कांस्टेबल गुलाम रसूल शामिल है। सूत्रों ने बताया कि तीनों सरकारी कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया गया है।

श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर के बडगाम में आतंकवादी हमले के 24 घंटे के भीतर प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। प्रशासन ने आतंकवादियों के साथ गठजोड़ मामले में 3 सरकारी कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया है। जिनमें कश्मीर विश्वविद्यालय में रसायन विज्ञान के प्रोफेसर अल्ताफ हुसैन पंडित, शिक्षा विभाग में तैनात शिक्षक मोहम्मद मकबूल हजाम और कांस्टेबल गुलाम रसूल शामिल है। सूत्रों ने यह जानकारी दी है। 

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सूत्रों ने बताया कि इन तीन सरकारी कर्मचारियों को आतंकवादियों के साथ गठजोड़ होने के आरोप में बर्खास्त किया गया है। माना जा रहा है कि जल्द ही तीनों सरकारी कर्मचारियों से पूछताछ की जा सकती है।

कश्मीर घाटी में पिछले 24 घंटे में 2 आतंकवादी हमले हुए हैं। जिसमें एक कश्मीर पंडित और एक पुलिसकर्मी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। बडगाम जिले के चडूरा में तहसील कार्यालय के भीतर घुस कर कश्मीरी पंडित राहुल भट्ट पर आतंकवादियों ने गोलियां दागी थी। जिसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां पर राहुल भट्ट को मृत घोषित कर दिया गया था। इसके बाद पुलवामा में आतंकवादियों ने कांस्टेबल रेयाज अहमद ठाकोर के घर में घुसकर उन पर गोलियां चलाईं। 

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जम्मू से लेकर कश्मीर तक हुए प्रदर्शन

राहुल भट्ट की आतंकवादियों द्वारा की गई निर्मम हत्या को लेकर कश्मीर पंडित काफी ज्यादा आक्रोशित दिखाई दे रहे हैं। जिसको लेकर उन्होंने जम्मू से कश्मीर तक प्रदर्शन किया। खासतौर पर कश्मीर घाटी में कश्मीरी पंडितों ने सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया। ऐसे में भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज का सहारा लेना पड़ा और आंसू गैस दागे गए।





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