12 साल में तीसरी बार झुकी मोदी सरकार, आंदोलनों को शुरुआती दौर में कमतर आंकने की बड़ी गलती कर जाती है BJP
सभी घटनाओं में एक समान राजनीतिक प्रवृत्ति स्पष्ट दिखाई देती है। मोदी सरकार शुरुआती दौर में विरोध को कमतर आंकती है, आंदोलन की नैतिक शक्ति को स्वीकार करने से बचती है और तब तक अपने रुख पर कायम रहती है, जब तक विरोध की राजनीतिक कीमत पीछे हटने की कीमत से अधिक नहीं हो जाती।



























































