CBSE की Three Language Policy पर फिर छिड़ी बहस, DMK बोली- ये जबरन थोपने की कोशिश
सीबीएसई की नई त्रि-भाषा नीति ने एक बड़ी बहस को जन्म दिया है। 2026 से 9वीं कक्षा में दो भारतीय भाषाओं सहित तीन भाषाएं अनिवार्य होंगी, हालांकि 10वीं में बोर्ड परीक्षा नहीं होगी। इस फैसले को राष्ट्रीय शिक्षा नीति का हिस्सा बताया जा रहा है, लेकिन डीएमके और कांग्रेस जैसे विपक्षी दलों ने इसे छात्रों पर अनावश्यक बोझ और विदेशी भाषा के अवसरों को खत्म करने वाला कदम बताते हुए कड़ा विरोध किया है।



























































